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भारतार्थ – भारतीय राजनीति गहन विचार पर विशेष


ओवैसी का आरोप: मोदी-ममता में ‘गुप्त समझौता’, बंगाल की राजनीति गरमाई
कोलकाता/मुर्शिदाबाद। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की सरगर्मी तेज होते ही सियासी बयानबाज़ी भी चरम पर पहुंच गई है। इसी क्रम में असदुद्दीन ओवैसी के एक तीखे बयान ने राज्य की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) प्रमुख ओवैसी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर “गुप्त समझौते” का आरोप लगाते हुए कहा कि दोनों नेता “एक ही सिक्के के दो पहलू” हैं।

धन्ना राम चौधरी
13 अप्रैल2 मिनट पठन


सादगी की मिसाल: ममता की संपत्ति 15 लाख के आसपास
कोलकाता। ममता बनर्जी एक बार फिर अपनी सादगी को लेकर चर्चा में हैं। लगातार तीन कार्यकाल से पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की प्रमुख ममता बनर्जी ने 2026 विधानसभा चुनाव के लिए दाखिल अपने हलफनामे में कुल संपत्ति महज 15.37 लाख रुपये घोषित की है।
चुनावी हलफनामे के अनुसार, ममता बनर्जी के पास न तो खुद का घर है, न गाड़ी और न ही किसी प्रकार की कृषि भूमि। उनकी घोषित संपत्ति पूरी तरह चल संपत्ति के रूप में है, जो उनके सादगीपूर्ण जीवनशैली को दर्शाती है।

धन्ना राम चौधरी
9 अप्रैल2 मिनट पठन


भवानीपुर में ममता का शक्ति प्रदर्शन
कोलकाता। ममता बनर्जी ने बुधवार, 8 अप्रैल 2026 को भवानीपुर विधानसभा सीट से तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) उम्मीदवार के रूप में नामांकन दाखिल कर चुनावी बिगुल फूंक दिया। नामांकन से पहले उन्होंने अपने पारंपरिक अंदाज में करीब 800 मीटर लंबा पैदल मार्च निकालकर शक्ति प्रदर्शन किया, जिसमें पार्टी के वरिष्ठ नेता और हजारों कार्यकर्ता शामिल हुए।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी कालीघाट स्थित अपने आवास से पैदल रवाना हुईं। रास्ते भर दोनों ओर खड़े समर्थकों का उन्होंने हाथ जोड़कर अभिवादन किया। उनका यह रोड

धन्ना राम चौधरी
8 अप्रैल2 मिनट पठन


बंगाल 2026: दीदी बनाम भगवा, किसका पलड़ा भारी?
कोलकाता। पश्चिम बंगाल की सियासत एक बार फिर निर्णायक मोड़ पर खड़ी है। 2026 का विधानसभा चुनाव केवल सत्ता परिवर्तन का सवाल नहीं, बल्कि ‘अस्मिता बनाम विचारधारा’ की सीधी टक्कर बन चुका है। एक ओर ममता बनर्जी अपनी ‘बंगाली पहचान’ और कल्याणकारी योजनाओं के सहारे चौथी बार सत्ता में वापसी का दम भर रही हैं, तो दूसरी ओर भारतीय जनता पार्टी ‘हिंदुत्व और राष्ट्रवाद’ के एजेंडे के साथ राज्य में सत्ता का दरवाजा खोलने के लिए पूरी ताकत झोंक रही है।

धन्ना राम चौधरी
6 अप्रैल3 मिनट पठन


मालदा कांड पर सियासत तेज: ममता ने बीजेपी-चुनाव आयोग पर लगाया साजिश का आरोप
कोलकाता। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले राजनीतिक माहौल लगातार गरमाता जा रहा है। इसी बीच मालदा जिले के कालियाचक में सात न्यायिक अधिकारियों के साथ कथित उत्पीड़न की घटना ने राज्य की राजनीति में भूचाल ला दिया है। इस मामले को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भारतीय जनता पार्टी और भारत का चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

धन्ना राम चौधरी
3 अप्रैल2 मिनट पठन


“15 दिन बंगाल में डेरा डालेंगे अमित शाह, ममता सरकार पर सीधा हमला”
कोलकाता/नंदीग्राम। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले राज्य की सियासत गरमा गई है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को खुली चुनौती देते हुए ऐलान किया है कि वह आगामी 15 दिनों तक पश्चिम बंगाल में ही रहकर चुनाव प्रचार की कमान संभालेंगे। उनके इस बयान से राज्य में राजनीतिक तापमान और बढ़ गया है।

धन्ना राम चौधरी
3 अप्रैल2 मिनट पठन


“मां, माटी, मानुष” की ताकत: भाजपा की चुनौती के बीच भी अडिग दीदी का जनाधार
कोलकाता। पश्चिम बंगाल की राजनीति में ममता बनर्जी और उनकी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) का सफर केवल एक राजनीतिक उभार नहीं, बल्कि जनआंदोलनों से निकली उस ताकत की कहानी है जिसने राज्य की सियासत को नई दिशा दी। 1998 में कांग्रेस से अलग होकर बनी टीएमसी आज लगभग 48 प्रतिशत वोट शेयर के साथ राज्य की सबसे प्रभावशाली राजनीतिक शक्ति बन चुकी है।

धन्ना राम चौधरी
1 अप्रैल3 मिनट पठन


भवानीपुर बना सियासी रणक्षेत्र: ममता बनर्जी बनाम सुवेंदु अधिकारी की सीधी टक्कर
कोलकाता। पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक माहौल चरम पर पहुंच गया है। इस बार चुनावी मुकाबला केवल सत्ता परिवर्तन तक सीमित नहीं रह गया, बल्कि यह मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी के बीच प्रतिष्ठा की सीधी लड़ाई में बदल गया है। इस हाई-प्रोफाइल मुकाबले का केंद्र बन चुकी है भवानीपुर विधानसभा सीट, जहां दोनों नेताओं की राजनीतिक साख दांव पर लगी है।

धन्ना राम चौधरी
31 मार्च2 मिनट पठन


बंगाल में ‘दीदी बनाम भाजपा’ की जंग तेज, ममता की तीन ताकतों पर टिकी टीएमसी की उम्मीदें
कोलकाता। देश के कई राज्यों—असम, केरल, तमिलनाडु और केंद्रशासित प्रदेश पुदुचेरी—में विधानसभा चुनाव हो रहे हैं, लेकिन सियासी नजरें सबसे ज्यादा पश्चिम बंगाल पर टिकी हैं। मीडिया और राजनीतिक गलियारों में मुकाबला सीधे तौर पर ममता बनर्जी बनाम भाजपा के रूप में देखा जा रहा है।
जहां अन्य राज्यों में क्षेत्रीय समीकरण और स्थानीय मुद्दे चुनावी दिशा तय कर रहे हैं, वहीं बंगाल में यह चुनाव राष्ट्रीय राजनीतिक प्रतिष्ठा का प्रश्न बन गया है।

धन्ना राम चौधरी
30 मार्च3 मिनट पठन


मुर्शिदाबाद में रामनवमी जुलूस पर बवाल, हिंसा से सुलगा बंगाल; ईसी ने ममता के बयान पर मांगी रिपोर्ट
कोलकाता/मुर्शिदाबाद। पश्चिम बंगाल में आगामी विधानसभा चुनाव से ठीक पहले कानून-व्यवस्था और राजनीतिक माहौल तनावपूर्ण हो गया है। मुर्शिदाबाद जिले में रामनवमी जुलूस के दौरान भड़की हिंसा ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है, वहीं मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के एक कथित बयान पर भारत का चुनाव आयोग (ईसीआई) ने सख्त रुख अपनाते हुए रिपोर्ट तलब की है।

धन्ना राम चौधरी
28 मार्च2 मिनट पठन
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