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घर-घर पहुंचेगी पाइप गैस, 14 जिलों को बड़ी राहत

  • Writer: धन्ना राम चौधरी
    धन्ना राम चौधरी
  • 2 days ago
  • 2 min read

भारतार्थ खबर, संवाददाता धन्नाराम चौधरी (Bhaarataarth.com)

जबलपुर। मध्यप्रदेश के जबलपुर समेत 14 जिलों के लाखों घरों को अब रसोई गैस के लिए सिलेंडर पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। गेल (इंडिया) लिमिटेड द्वारा नागपुर से जबलपुर तक पाइपलाइन का कार्य लगभग पूरा कर लिया गया है और इसकी सफल टेस्टिंग भी हो चुकी है। अब शहर के भीतर पाइपलाइन बिछाने का कार्य शेष है, जिसके बाद घर-घर पाइप नेचुरल गैस (पीएनजी) की सप्लाई शुरू हो जाएगी।

जानकारी के अनुसार, इस महत्वाकांक्षी परियोजना के तहत करीब 14 लाख घरों को सीधे गैस कनेक्शन मिलेगा। हालांकि शहरी क्षेत्रों में पाइपलाइन बिछाने में अभी करीब एक वर्ष का समय लग सकता है। यह कार्य मेघा इंजीनियरिंग एंड इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड को सौंपा गया है।


सिलेंडर की झंझट से मिलेगी मुक्ति

पीएनजी सुविधा शुरू होने के बाद उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर की बुकिंग, डिलीवरी और लंबी कतारों से राहत मिलेगी। गैस की आपूर्ति सीधे पाइपलाइन के माध्यम से होगी, जिससे रसोई का काम और भी आसान हो जाएगा। वर्तमान में पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव के कारण एलपीजी सप्लाई प्रभावित होने से उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में पीएनजी एक भरोसेमंद विकल्प बनकर उभर रही है।


राष्ट्रीय गैस ग्रिड से जुड़ा प्रोजेक्ट

यह परियोजना राष्ट्रीय गैस ग्रिड और पीएम गति शक्ति मास्टर प्लान के तहत विकसित की जा रही है। तीन चरणों में तैयार इस नेटवर्क में मुंबई-नागपुर (698 किमी), नागपुर-झारसुगुड़ा (692 किमी) और नागपुर-जबलपुर (317 किमी) शामिल हैं। कुल मिलाकर इस परियोजना पर लगभग 7,844 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं, जबकि नागपुर-जबलपुर खंड पर करीब 1,100 करोड़ रुपये की लागत आई है।


कोसमघाट में तैयार गैस प्लांट

जबलपुर के पास कोसमघाट में गैस प्लांट बनकर तैयार हो चुका है, जिससे सप्लाई को मजबूती मिलेगी। फिलहाल इस पाइपलाइन के जरिए नागपुर स्थित जेएसडब्ल्यू समूह के प्लांट को गैस आपूर्ति शुरू हो चुकी है।


सस्ती और पर्यावरण के अनुकूल

पीएनजी के उपयोग से गैस की कीमतों में लगभग 25 प्रतिशत तक कमी आने का दावा किया जा रहा है। साथ ही यह पर्यावरण के लिहाज से भी बेहतर विकल्प है, क्योंकि इससे प्रदूषण में कमी आएगी। उपभोक्ताओं को बिजली बिल की तरह ही गैस का मासिक बिल मिलेगा, जो खपत के आधार पर तय होगा।


14 जिलों को मिलेगा लाभ

इस परियोजना का लाभ जबलपुर के अलावा सिवनी, छिंदवाड़ा सहित कुल 14 जिलों के उपभोक्ताओं को मिलेगा। शहर में करीब 45 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन बिछाई जानी है। इसके साथ ही सीएनजी पंप और औद्योगिक इकाइयों को भी गैस आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। यह परियोजना न केवल उपभोक्ताओं को सस्ती और सुविधाजनक गैस उपलब्ध कराएगी, बल्कि ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता और स्वच्छ ईंधन की दिशा में भी एक बड़ा कदम साबित होगी।

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