बेंगलुरु में गुरु पूर्णिमा महोत्सव पर भव्य सत्संग, श्रद्धा और भक्ति से गुंजायमान हुआ
- धन्नाराम चौधरी

- 30 जुल॰
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बाबूलाल भायल के निवास पर आयोजित सत्संग में गुरु महिमा, आध्यात्मिक चिंतन और मानव सेवा का दिया गया प्रेरक संदेश

गुरु पूर्णिमा महोत्सव के अवसर पर कम्मनहल्ली, बेंगलुरु में आयोजित सत्संग का सामूहिक दृश्य।
भारतार्थ खबर। संवाददाता: धन्नाराम चौधरी (Bhaarataarth.com) बेंगलुरु | 30 जुलाई, 2026। गुरु पूर्णिमा महोत्सव के पावन अवसर पर बेंगलुरु के कम्मनहल्ली स्थित बाबूलाल भायल के निवास पर श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा से ओत-प्रोत भव्य सत्संग का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर गुरु के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की तथा आध्यात्मिक जीवन को अपनाने का संकल्प लिया।
सत्संग के दौरान गुरु की महिमा, भारतीय संस्कृति में गुरु-शिष्य परंपरा की गौरवशाली विरासत तथा नैतिक मूल्यों पर विस्तृत प्रकाश डाला गया। वक्ताओं ने कहा कि गुरु केवल ज्ञान देने वाले नहीं, बल्कि जीवन को सही दिशा दिखाने वाले पथप्रदर्शक होते हैं। गुरु के बताए मार्ग पर चलकर ही व्यक्ति अपने जीवन को सफल, सार्थक और समाजोपयोगी बना सकता है।

कार्यक्रम का वातावरण भक्ति गीतों, गुरु वंदना और आध्यात्मिक प्रवचनों से पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। उपस्थित श्रद्धालुओं ने सामूहिक प्रार्थना कर विश्व शांति, समाज में सद्भाव और मानव कल्याण की कामना की। सत्संग के दौरान सेवा, संस्कार, संयम और परोपकार जैसे जीवन मूल्यों को अपनाने का संदेश भी दिया गया।
आयोजकों ने बताया कि ऐसे आध्यात्मिक आयोजन समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं तथा नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं से जोड़ने का कार्य करते हैं। श्रद्धालुओं ने आयोजन की सराहना करते हुए इसे आत्मिक शांति और सामाजिक एकता का प्रेरणादायी माध्यम बताया।
कार्यक्रम के समापन पर सभी श्रद्धालुओं ने गुरु चरणों में नमन करते हुए आशीर्वाद प्राप्त किया तथा प्रसाद ग्रहण किया। पूरे आयोजन में अनुशासन, सौहार्द और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत वातावरण देखने को मिला। उपस्थित लोगों ने भविष्य में भी ऐसे सत्संगों का नियमित आयोजन करने का संकल्प व्यक्त किया।
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