top of page

“भारतार्थ खबर – खबर नहीं, उसका अर्थ”“हर खबर का सही विश्लेषण – भारतार्थ खबर”“सच्ची खबर, सही अर्थ – भारतार्थ खबर”“जहाँ खबरों का होता है असली विश्लेषण”“ताज़ा खबरें, सटीक विश्लेषण – भारतार्थ खबर”“हर खबर की गहराई तक – भारतार्थ खबर”“Breaking News से लेकर विशेष रिपोर्ट तक”“देश-दुनिया की हर बड़ी खबर – भारतार्थ खबर”

नोएडा एयरपोर्ट का उद्घाटन: क्या “हर दो मिनट में उड़ान” भारत के विकास मॉडल की नई पहचान है?

कविका लेआउट में श्री मसाना कलिकांबा महोत्सव श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न

  • Writer: धन्ना राम चौधरी
    धन्ना राम चौधरी
  • Mar 1
  • 1 min read

Updated: Mar 20



भारतार्थ बेंगलूरु संवाददाता, धन्नाराम चौधरी। (Bhaarataarth.com)

बेंगलूरु। कविका लेआउट क्षेत्र में आयोजित श्री मसाना कलिकांबा महोत्सव श्रद्धा, आस्था और उल्लास के वातावरण में भव्य रूप से संपन्न हुआ। क्षेत्र के नागरिकों के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस धार्मिक महोत्सव में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर देवी मां के दर्शन किए और आशीर्वाद प्राप्त किया। पूरे क्षेत्र में भक्ति भाव और उत्साह का माहौल देखने को मिला।


महोत्सव के दौरान विशेष पूजन, आरती एवं धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। भक्तों ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर परिवार की सुख-समृद्धि और क्षेत्र की खुशहाली की कामना की। आयोजन स्थल को आकर्षक सजावट से सजाया गया था, जिससे वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से ओत-प्रोत नजर आया।


कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित समाजसेवी महेंद्र मुणोत ने देवी मां के दर्शन कर आशीर्वाद लिया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन नई पीढ़ी को अपनी जड़ों और परंपराओं से जोड़ने का सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि समाज की एकता, भाईचारा और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए इस प्रकार के महोत्सवों का आयोजन आवश्यक है।


इस अवसर पर कुमार, विजय कृष्ण एवं क्षेत्र के नागरिकों ने महेंद्र मुणोत का शॉल एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मान किया। कार्यक्रम के सफल आयोजन में क्षेत्र के युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों की सक्रिय भूमिका रही।


महोत्सव के समापन पर प्रसाद वितरण किया गया। आयोजन समिति ने सभी श्रद्धालुओं, सहयोगकर्ताओं और अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी ऐसे धार्मिक कार्यक्रमों को और भव्य रूप से आयोजित करने का संकल्प लिया।

Comments

Rated 0 out of 5 stars.
No ratings yet

Add a rating
bottom of page