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 भारतार्थ खबर, नहीं उसका अर्थ

20अक्टूबर /2026 /मंगलवार

अलुवा,19 अक्टूबर 2026। कभी-कभी जीवन में सुनी गई कोई बात या देखा गया कोई वीडियो सोचने का नजरिया बदल देता है। केरल की अरुंधति के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के एक वीडियो से प्रेरित अरुंधति ने उन्हें हाथ से लिखा भावुक पत्र भेजकर अपनी शादी में शामिल होने का निमंत्रण दिया है। उनकी शादी 20 दिसंबर 2026 को केरल के अलुवा में होनी है।

भारतार्थ लोगो: खबर नहीं, उसका अर्थ - राजनीतिक समाचार विश्लेषण

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चिनाब-अंजी पुलों पर 100 की रफ्तार में दौड़ी वंदे भारत

लेखक की तस्वीर: धन्ना राम चौधरी
धन्ना राम चौधरी
2 अक्टू॰
2 मिनट पठन
जम्मू-कश्मीर में 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चिनाब और अंजी रेलवे पुल पार करती वंदे भारत एक्सप्रेस

भारतार्थ खबर Bhaarataarth.com जम्मू, 2 अक्टूबर 2026। जम्मू-कश्मीर में भारतीय रेलवे ने एक महत्वपूर्ण परिचालन उपलब्धि दर्ज की है। जम्मू-श्रीनगर रेल मार्ग पर चलने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस ने पहली बार चिनाब और अंजी रेलवे पुलों को 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पार किया। यह परीक्षण कटरा-बनिहाल रेल खंड पर अधिकतम अनुमत गति बढ़ाकर 100 किलोमीटर प्रति घंटे किए जाने के बाद किया गया।


रेलवे के अनुसार, 111 किलोमीटर लंबे श्री माता वैष्णो देवी कटरा-बनिहाल खंड पर अधिकतम अनुमत गति पहले 75 किलोमीटर प्रति घंटा थी, जिसे अब बढ़ाकर 100 किलोमीटर प्रति घंटा कर दिया गया है। गति बढ़ाने का सफल परीक्षण 2 अक्टूबर को वंदे भारत एक्सप्रेस की ट्रेन संख्या 26401/26404 के माध्यम से किया गया।


चिनाब पुल पर पहली बार 100 की रफ्तार

वंदे भारत का 100 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से चिनाब पुल को पार करना इस रेल मार्ग के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है। चिनाब रेलवे पुल को दुनिया का सबसे ऊंचा रेलवे आर्च पुल माना जाता है। यह चिनाब नदी से करीब 359 मीटर की ऊंचाई पर बना है और इसकी लंबाई लगभग 1,315 मीटर है। यह पुल जम्मू-कश्मीर के कठिन पहाड़ी भूभाग में रेलवे संपर्क को मजबूत करने वाली उधमपुर-श्रीनगर-बारामूला रेल लिंक (USBRL) परियोजना का प्रमुख हिस्सा है।


अंजी पुल पर भी बढ़ी रफ्तार

वंदे भारत एक्सप्रेस ने भारत के पहले केबल-स्टेड रेलवे पुल अंजी पुल को भी 100 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से पार किया। यह पुल गहरी अंजी घाटी के ऊपर बनाया गया है और USBRL के कटरा-बनिहाल खंड में महत्वपूर्ण रेल संरचना के रूप में कार्य करता है। रेलवे के अधिकारियों के अनुसार, गति सीमा बढ़ाए जाने से इस खंड पर ट्रेन संचालन अधिक सुचारु होने और यात्रा समय में कमी आने की संभावना है। साथ ही यात्रियों को तेज और बेहतर रेल सेवा उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।


USBRL परियोजना को मिला नया परिचालन आयाम

कटरा-बनिहाल रेल खंड जम्मू क्षेत्र को कश्मीर घाटी से जोड़ने वाली USBRL परियोजना का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इस क्षेत्र में कठिन पहाड़ी भूगोल के बीच कई सुरंगों और बड़े पुलों का निर्माण किया गया है। चिनाब और अंजी पुल इसी परियोजना की प्रमुख इंजीनियरिंग संरचनाओं में शामिल हैं। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 2 अक्टूबर को सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर वंदे भारत के दोनों पुलों को 100 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से पार करने का वीडियो साझा किया और इसे भारतीय रेल इंजीनियरिंग की महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। रेलवे द्वारा अनुमत गति में यह बढ़ोतरी जम्मू-कश्मीर के इस महत्वपूर्ण रेल गलियारे पर परिचालन क्षमता बढ़ाने की दिशा में एक नया कदम है। इसके प्रभाव से यात्रियों के यात्रा समय और ट्रेन संचालन की दक्षता में कितना बदलाव आता है, यह नियमित परिचालन के आंकड़ों से स्पष्ट होगा।



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